शेयर बाजार तो काफी विस्तृत फील्ड है। किसी भी कोर्स के चयन से पहले आपको यह निर्णय लेना आवश्यक हो जाता है कि आप यहां करना क्या चाहते हैं।
ट्रेड या निवेश?
निवेश ही तो अल्पकालीन निवेश या फिर दीर्घावधि निवेश?
इसी के आधार पर आप कोर्स का चयन कर सकते हैं। यदि हम ट्रेड के लिए जाते हैं तो फिर प्राइस एक्शन पर आधारित टेक्निकल एनालिसिस सीखना चाहिए।
बाजार में दो तरह के टेक्निकल अनालीसिस चलता है। एक जो पूर्णतया आपको इंडिकेटर पर आधारित मिलेगा और दूसरा जो पूर्णतया रेजिस्टेंस,सपोर्ट और कैंडल के फार्मेशन के आधार पर रहता है।
वहीं यदि आप लम्बी अवधि के निवेश के लिए जा रहे हैं तो फिर आपको टेक्निकल+ फंडामेंटल अनालीसिस दोनो को सीखना होगा।
तो सबसे पहले यह निर्धारित करें कि आपको करना क्या है।
रही बात अच्छे बुरे का तो इसके लिए आज ही नहीं भविष्य में भी कभी शंसय में न पड़ें क्योंकि दोनो ही अपने जगह पर बेहतर है। यहां आपको ऐसे ज्ञानी भरे पड़े मिलेंगे जो आपसे कहेंगे कि इंट्राडे अच्छा है और स्विंग खराब या फिर स्विंग अच्छा है और इंट्राडे अच्छा। या फिर ये दोनों ही खराब है और लम्बी अवधी का निवेश ही बेहतर है।
इसीलिये मैं हमेशा कहता हूं कि ऐसे किसी प्रश्न में खुद को न उलझाएं। सबका अपना सिस्टम है और सब अपनी जगह पर बेहतर है। आप यदि सही बैठेंगे तो प्रॉफिट में निकलेंगे और वहीं यदि गलत दिशा में तो नुकसान।
उम्मीद है पोस्ट आपके लिए उपयोगी होगा।
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