मेरे अनुसार भारतीय बाजार ऐसे 4 लोगो का परिवार है।
FII, DII, Prop, Retail trader।
जिसमें 3 लोग के पास बहुत ज्ञान, स्किल और अधिक पैसा है और चौथा बिना ज्ञान, बिना स्किल और बिना बड़े पैसे के अपनी यात्रा करता है।
3 बड़े पैसे वाले का सिस्टम सेट है कि उसे क्या करना है और क्या नहीं और कैसे करना है और कैसे नहीं ।
वहीं बिना पैसे वाला चौथा भाई कभी पहले भाई के साथ आगे बढ़ जाता है तो कभी दूसरे वाले भाई के साथ तो कभी तीसरे के साथ और आखिरी में कहीं का नहीं रह जाता है।
बाकी के तीन भाई की स्टोरी कुछ इस प्रकार है ।
पहला भाई जिसका नाम FII है वो ट्रेडर है। जिनके पोजीशन आपको बदलते दिनों के साथ दोनो दिशा का देखने को मिल जाएगा।
वहिं यदि अगले दो पैसे वाले भाई DII और प्रॉप की बात करें तो यह निवेशक माइंडसेट के हैं। जिनके सेटअप का आप अध्यन कड़ेंगे तो पाएंगे कि यह एक अच्छे निवेशक की तरह हरेक गिरावट में स्टॉक खरीदते हैं। वहिं भाव बढ़ने पर बेचते हैं।
लेकिन यदि चौथे भाई रिटेल ट्रेडर के पोजीशन की ओर गौर करें तो पाएंगे कि यह कभी FII के पाले में मिल जाएंगे या कभी DII के पाले में। इसी वजह से यह कभी FII के द्वारा उपयोग कर लिए जाते हैं तो कभी DII के द्वारा ।
ऐसे मेरा अनुभव कहता है कि रिटेल ट्रेडर भी पैसे वाले बन सकते हैं लेकिन बस उन्हें एक भाई को पकड़ कर आगे बढ़ना चाहिए।
लेकिन इनके साथ दिक्कत है कि जब प्रॉफिट में चल रहे होते हैं तो ट्रेडर बन जाते हैं और जैसे ही नुकसान में जाते हैं तो निवेशक बन जाते हैं।
हमें पता है कि ये बात आपको अभी समझ मे न आया होगा।
मान लीजिए आपने रमेश नाम के व्यक्ति ने किसी स्टॉक को 500 पर खरीदा और खरीदते वक्त उसने सोचा कि अगर 510 आएगा तो प्रॉफिट बुक कड़ेंगे और नीचे गिरा तो 495 पर नुकसान बुक कर लेंगे।
लेकिन जैसे ही प्राइस बढ़ना शुरू हुआ और 503 पर पहुँचा लोग प्रॉफिट बुक करना शुरू कर देते हैं। बहुत कम 510 के लिए रुकते हैं।
लेकिन वहिं दूसरी ओर अगर प्राइस गिरकर 495 आ जाये तो भी सोचने लगते हैं कि अभी सिर्फ 5 रुपये तो गिरा है। शेयर अगर गिरकर 490 भी आ जाए तो निवेशक ही बने रहेंगे और सोचेंगे कि अभी सिर्फ 10 रुपया ही तो गिरा है।
यही दो नाव की सवारी उन्हें लेकर डूब जाता है।
ऐसे मेरे अनुसार बाजार के निवेश का सबसे अच्छा प्लेटफार्म है यदि हम अनुशासित हैं लेकिन वहिं यह निवेश का सबसे गन्दा प्लेटफार्म है यदि हम अनुशासित नहीं हैं।
उम्मीद है आपको समुचित उत्तर मिला होगा।
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